महिला दिवस पे ?????
इसलिए खुश है मेरा दिल ??????
क्योकि आज सारा जहान???????
मेरी मां को सजिदा कर रहा हैं। रैना"
नारी मां बहन बेटी पत्नी हमारी,
अहवेलना की शिकार बेचारी।
उनका बदलना तय था लेकिन ???
वो इतनी जल्दी बद्लेगे यकीं नही होता। रैना"
ये अब फितरत इंसान की,
वक़त पे मुंहू फेर लेना। रैना"
आंसुओं की कदर क्या जानो,
तुम नहाते हो ठंडे पानी से। रैना"
इसलिए खुश है मेरा दिल ??????
क्योकि आज सारा जहान???????
मेरी मां को सजिदा कर रहा हैं। रैना"
नारी मां बहन बेटी पत्नी हमारी,
अहवेलना की शिकार बेचारी।
उनका बदलना तय था लेकिन ???
वो इतनी जल्दी बद्लेगे यकीं नही होता। रैना"
ये अब फितरत इंसान की,
वक़त पे मुंहू फेर लेना। रैना"
आंसुओं की कदर क्या जानो,
तुम नहाते हो ठंडे पानी से। रैना"
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