वो मेरा अपना न था,
आंखों में सपना न था।
अपनी उस दुआ का असर ढूंढती हूं,
तेरे प्यार की इक नजर ढूंढती हूं।रैना"
मुश्किलें देख कर कुछ हैरान सा लगता है,
आंखों में सपना न था।
अपनी उस दुआ का असर ढूंढती हूं,
तेरे प्यार की इक नजर ढूंढती हूं।रैना"
मुश्किलें देख कर कुछ हैरान सा लगता है,
मुसाफिर आजकल परेशान सा लगता है।
दूर से देखो तो बड़े शौ रूम के जैसा लगे,
पास बैठ के खोलो बंद दुकान सा लगता है।
देश के लिये कुछ खास करेगे सोचना नही,
नेता शातिर लोमड़ी शैतान सा लगता है।
दिलों में भरा लावा किसी वक्त फूट सकता,
अब देश में आने वाला तूफ़ान सा लगता है।
"रैना"तेरा आशिक इक तुझ पे फ़िदा यारा,
सच कहता दोस्त तू मेरी जान सा लगता है। रैना"
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