हादसें प्यार में आम ही बात हो गई,
इश्क की राह में दिन चढ़े रात हो गई,
क्या करे दिल जले देख मौसम बहार का,
अश्क रुकते नही तेज बरसात हो गई। रैना"
इश्क की राह में दिन चढ़े रात हो गई,
क्या करे दिल जले देख मौसम बहार का,
अश्क रुकते नही तेज बरसात हो गई। रैना"
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