सजे हैं घर खिलौनों से कहां लोरी कहानी वो,
लगे है खो गई अब याद बचपन की सुहानी वो,
भली अब कट रही जिंदगी मजे भी हैं बहुत लेकिन,
कभी बेचैन कर देती भली यादें पुरानी वो।
लगे है खो गई अब याद बचपन की सुहानी वो,
भली अब कट रही जिंदगी मजे भी हैं बहुत लेकिन,
कभी बेचैन कर देती भली यादें पुरानी वो।
No comments:
Post a Comment