Wednesday, March 16, 2016

भगवान उनको सदबुद्धि दे,ये सोच कर ही हैरानी हो रही है,
कुछ को भारत माता की जय बोलने में परेशानी हो रही है।
बेशक उनको भी ये खबर है वो अपनी माँ को गाली दे रहे,
फिर क्या सिद्ध करने के लिये इतनी बड़ी नादानी हो रही है।
चंद मौकापरस्तों ने भारत में नफरत की आग भड़काई है,
गद्दारों की मौज ठाट हुई बरबाद आम जिन्दगानी हो रही है। 
बेशक समझने लगी है अब तो मौकापरस्तों की चाल को,
हिन्दुस्तान की जनता अब पहले से कुछ सयानी हो रही है।
हरामखोरों को सबक सिखाओ आम जन की यही पुकार,
गद्दारों को सूली पे लटकायो किसलिये आनाकानी हो रही है।रैना" 

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