कागज पे छप के दीवारो पे चढ़ के,
फिर आये भिखारी कारों पे चढ़ के,
मेरे देश का दुर्भाग्य नही तो क्या है,
हम करते है मतदान नारों पे चढ़ के। राजेन्द्र शर्मा "रैना"
फिर आये भिखारी कारों पे चढ़ के,
मेरे देश का दुर्भाग्य नही तो क्या है,
हम करते है मतदान नारों पे चढ़ के। राजेन्द्र शर्मा "रैना"
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