Monday, November 11, 2013

rd kabhi

दर्द दिल में छुपाये नही छुपता,चेहरे पे उबर आये,
दर्द बेदर्द करता वफ़ा छोड़े जिन्दगी जब गुजर जाये। राजेन्द्र शर्मा "रैना" 


आये दिल में रहने के लिये,
ठहरे मेहमां कहने के लिये,
उनका कुछ बिगड़ा ही नही,
हम जिंदा गम सहने के लिये। राजेन्द्र शर्मा "रैना"

दिल मिरा बेकरार सा लगे है,
यूं किसी का इंतजार सा लगे है,
दास्ता ये मिरी कथा कहानी 
हो गया सनम प्यार सा लगे है।राजेन्द्र शर्मा "रैना"
  

No comments:

Post a Comment