न तुम याद करना,
न फरियाद करना,
गुजारिश यही है,
न बरबाद करना। राजेन्द्र शर्मा "रैना"
जान की दुश्मन बनी है याद तेरी,,
यार क्यों सुनता नही फरियाद मेरी,
चेहरे से अब हटा चिलमन अभी तू,
मान"रैना"की गुजारिश कर न देरी। राजेन्द्र शर्मा "रैना"
मग्न मस्ती में खेलता रहा बच्चा,
टूटा खिलौना तो मां की याद आई। राजेन्द्र शर्मा "रैना"
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