Friday, May 22, 2015

बच्चों की अर्ज कर स्वीकार मेरी माँ,
एक बार करने है तेरे दीदार मेरी माँ,
तुझको तो कुछ भी न फर्क पड़ेगा,
पापी हो जायेगे भव पार मेरी माँ।
एक बार करने है तेरे ---------------
कहने को उजाला फैला बहुत अँधेरा है,
दूर दूर तक न नजर आता सवेरा है,
पथ भ्रष्ट हो गया सारा संसार मेरी माँ।
एक बार करने है तेरे -------------
अपने बच्चों पे इतना कर्म कमा जा माँ,
शेर पे सवार हो गुफा से बाहर आ जा माँ ,
रैना"को फ़क़त तेरा इन्तजार मेरी माँ।
एक बार करने है ---------------रैना"
सुप्रभात जी ---------------जय जय माँ

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