छलकते रहते आँखों के पैमाने,
तू न जाने दर्द मेरा तू न जाने,
अपनी किस्मत से गिला मुझको,
दूर खड़ी देती रहती हैं ताने।
तू न जाने दर्द मेरा तू --------रैना"
होशो हवाश भी खोने लगोगे,
मुझको जान के रोने लगोगे।
बदल लोगे रास्ता ही अपना,
किसी और के होने लगोगे। रैना"
हीरा हूँ लेकिन मेरी कीमत नही कोई,
मुझको खुद से भी उल्फ़त नही कोई,
ये जमाना मुझको समझता नही है,
अफ़सोस तभी मेरा दोस्त नही कोई। रैना"
इसलिए खफा मुझसे खुदाई है,
सच कहता ये मुझ में बुराई है। रैना"
तू न जाने दर्द मेरा तू न जाने,
अपनी किस्मत से गिला मुझको,
दूर खड़ी देती रहती हैं ताने।
तू न जाने दर्द मेरा तू --------रैना"
होशो हवाश भी खोने लगोगे,
मुझको जान के रोने लगोगे।
बदल लोगे रास्ता ही अपना,
किसी और के होने लगोगे। रैना"
हीरा हूँ लेकिन मेरी कीमत नही कोई,
मुझको खुद से भी उल्फ़त नही कोई,
ये जमाना मुझको समझता नही है,
अफ़सोस तभी मेरा दोस्त नही कोई। रैना"
इसलिए खफा मुझसे खुदाई है,
सच कहता ये मुझ में बुराई है। रैना"
No comments:
Post a Comment