बात आगे बढ़ाया करो,
ख़्वाब तो टूटते मत दिखाया करो,
ख्याल लगड़े कभी मत सजाया करो।
रेत के घर कभी मत बनाया करो।
तुम मिरे हाल पे
बात को तुम सिरे
बेहतर है यही बात आगे बढ़ाया करो।
छोड़ मझदार में यूं न जाया करो,
ख़्वाब तो टूटते मत दिखाया करो,
ख्याल लगड़े कभी मत सजाया करो।
रेत के घर कभी मत बनाया करो।
तुम मिरे हाल पे
बात को तुम सिरे
बेहतर है यही बात आगे बढ़ाया करो।
छोड़ मझदार में यूं न जाया करो,
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