तेरी अदाओं ने कहर ढा रखा है,
सारे शहर को दीवाना बना रखा है,
हम कई दिन से चारपाई पे पड़े हैं,
तेरी नजरों ने तीर चला रखा है। रैना"
तुम्हे समझ कब आयेगी,
इनता हंसा न करो,
किसी दिलजले की नज़र लग जायेगी। रैना"
सारे शहर को दीवाना बना रखा है,
हम कई दिन से चारपाई पे पड़े हैं,
तेरी नजरों ने तीर चला रखा है। रैना"
तुम्हे समझ कब आयेगी,
इनता हंसा न करो,
किसी दिलजले की नज़र लग जायेगी। रैना"
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